– नरेंद्र ने विकसित की गेंहू की नई प्रजाति “नरेंद्र-09” को भारत सरकार ने पंजीकृत किया

हल्द्वानी, डीडीसी। आखिरकार बारह वर्षों की मेहनत के बाद गौलापार निवासी कास्तकार नरेंद्र सिंह मेहरा को उनकी मंजिल मिल ही गई। उनकी मेहनत और अथक प्रयासों के चलते उनकी ओर से विकसित गेहूं की प्रजाति ‘नरेंद्र 09’ को भारत सरकार ने उनके नाम से पंजीकृत कर दिया है। बता दें कि वर्ष 2009 में किसान नरेंद्र सिंह मेहरा को अपने खेत में एक अलग प्रकार की बाली मिली थी, जिसको उन्होंने लाइंस सलेक्शन की ओर से चयनित कर इस नई किस्म को विकसित किया। जिसका नाम उन्होंने ‘नरेंद्र 09’ रखा।

बार-बार प्रशिक्षण के बाद मिली सफलता
शुरुआती दौर में अन्य किसानों के खेतों में परीक्षण के तौर पर गेहूं बोया गया और उसकी विशेषताओं को देखते हुए कृषि विज्ञान केंद्र ज्योलीकोट के सहयोग से जीबी पंत कृषि व प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय पंतनगर में परीक्षण के तौर पर बोया गया। इसके बाद निदेशक रिसर्च के आदेश पर ‘नरेंद्र 09’ गेहूं को कृषि अनुसंधान केंद्र मझेड़ा जनपद नैनीताल व कृषि विज्ञान केंद्र ग्वालदम चमोली में बोया गया। जहां से सकारात्मक परिणाम पाए गए। वर्ष 2017 में बीज को किसान के नाम से पेटेंट कराने के लिए कृषि विज्ञान केंद्र ज्योलीकोट के प्रभारी डॉ. विजय कुमार दोहरे ने पौधा किस्म और कृषक अधिकार संरक्षण प्राधिकरण भारत सरकार को बीज भेजा।

और साढ़े 4 साल बाद मिली सफलता
आखिरकार भारत सरकार ने 4.5 साल बाद गेहूं की किस्म ‘नरेंद्र 09’ को किसान के नाम पंजीकृत कर दिया है। किसान नरेंद्र सिंह मेहरा गेहूं की किस्म को विकसित करने वाले उत्तराखंड के पहले किसान हैं।

--Advertisement--

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here