– अदालत ने मामले को दुर्लभतम मानते हुए सुनाई मौत की सजा

पुणे, डीडीसी। जानवर तो जानवर है, लेकिन जब इंसान जानवर बनता है तो हैवानियत की इन्तहां हो जाती है। इन्तहां की ऐसी ही बर्बर खबर महाराष्ट्र से आई है। यहां एक बेटे पर हैवानियत इस कदर सवार हुई कि वो अपनी ही मां का नरभक्षी बन गया। उसने मां को चीर डाला, उसके टुकड़े-टुकड़े कर दिए और टुकड़ों की सब्जी बना डाली।हैवान जब पकड़ा गया तो मुंह मां के खून से सना था। आज तकरीबन चार साल बाद अपनी ही मां के इस नरभक्षी बेटे को अदालत में मौत की सजा सुना दी।

नमक, मिर्च और लाल मिर्च पाउडर लगे मिले टुकड़े
महाराष्ट्र के कोल्हापुर की एक अदालत ने मां की बर्बरतापूर्वक हत्या के मामले में बृहस्पतिवार को 35 वर्षीय व्यक्ति को मौत की सजा सुनाई। जिला एवं सत्र न्यायाधीश महेश जाधव ने इसे दुर्लभतम मामला बताया और सुनील कुचिकोरवी को मृत्युदंड सुनाया। अभियोजन पक्ष के अनुसार उसने अपनी 62 वर्षीय मां की हत्या की और उनके शव को चीरकर सारे अंग निकाल लिये। इसके नरभक्षण कृत्य होने का संदेह था, क्योंकि जब आरोपी पकड़ा गया था तो उसकी मां के अंग रसोई में नमक, तेल और मिर्च पाउडर लगे हुए पाए गए थे और उसके मुंह में खून था।

शराब की खातिर मां को मार डाला
लोक अभियोजक विवेक शुक्ला ने कहा कि घटना 28 अगस्त 2017 को कोल्हापुर शहर के मकड़वाला वसाहाट में हुई थी। शुक्ला ने कहा, ‘कुचिकोरवी शराब का आदी था। घटना वाले दिन उसने अपनी मां से शराब खरीदने के लिए कुछ पैसे मांगे थे और जब मां ने मना किया तो उसने धारदार हथियार से उसकी हत्या कर दी। इसके बाद आरोपी ने उसके शरीर के दाहिने हिस्से को चीर दिया और दिल, किडनी, आंतों और अन्य अंगों को निकाल कर किचन के प्लेटफॉर्म पर रख दिया।’ उन्होंने कहा कि कम से कम 12 गवाहों से पूछताछ की गई और चूंकि कोई चश्मदीद गवाह नहीं था, इसलिये अदालत ने परिस्थितिजन्य साक्ष्य के आधार पर कुचिकोरवी को दोषी करार दिया। अदालत ने मामले को दुर्लभतम मानते हुए उसे मौत की सजा सुनाई।

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