– 25 जून से शुरू होगा नामांकन, दो चरणों में होने वाले मतदान की गणना 19 जुलाई को होगी
Panchayat elections in Uttarakhand, DDC : राज्य निर्वाचन आयोग ने उत्तराखंड में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव का एलान कर दिया है। 21 जून 2025, शनिवार को प्रेसवार्ता में चुनाव अधिकारियों ने जानकारी दी। उन्होंने कहा, 19 जून को पंचायतों में आरक्षण प्रक्रिया पूरी कर ली गई थी, जिसके बाद सचिव पंचायती राज की ओर से त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की अधिसूचना जारी कर दी गई। राज्य निर्वाचन आयोग ने भी अधिसूचना को अब सार्वजनिक कर दिया है।
उत्तराखंड के 12 जिलों में पंचायत चुनाव होने है। जिसके तहत 89 विकासखंडों और 7499 ग्राम पंचायतों में चुनाव होंगे। इसमें उत्तराखंड के 12 जिलों में 66,418 पदों पर चुनाव होने हैं, जिसमें से सदस्य ग्राम पंचायत के 55,587 पदों, प्रधान ग्राम पंचायत के 7,499 पदों, सदस्य क्षेत्र पंचायत के 2,974 पदों और सदस्य जिला पंचायत के 358 पदों पर चुनाव होने हैं। हरिद्वार जिला छोड़ प्रदेश के कुल 66,418 पदों पर चुनाव होना है, जिसके लिए प्रदेश भर में कुल 8276 मतदान केंद्र और 10529 मतदान स्थल बनाए गए हैं।
पहला चरण
25 जून से नामांकन की प्रक्रिया शुरू होगी। 29 जून से 01 जुलाई तक नामांकन पत्रों की जांच होगी। 2 जुलाई को नाम वापसी, 3 जुलाई को चुनाव चिह्न आवंटन, 10 जुलाई को मतदान और अंत में 19 जुलाई को मतगणना की प्रक्रिया शुरू होगी।
दूसरा चरण
25-28 जून तक नामांकन प्रक्रिया, 29 जून से 01 जुलाई तक नामांकन पत्रों की जांच, 2 जुलाई को नाम वापसी और 8 जुलाई को चुनाव चिह्न आवंटन। इसके बाद 15 जुलाई को मतदान और 19 जुलाई को मतगणना होगी। दोनों ही चरणों के चुनाव की मतगणना 19 जुलाई को होगी।
आज से आचार संहिता लागू
शनिवार, 21 जून 2025 से राज्य में आचार संहिता लागू कर दी गई है। मतदाता सूची आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध है। बागेश्वर जिले के तीनों ब्लॉक का चुनाव एक ही चरण में कराया जाएगा, जबकि देहरादून जिले के 3-3 ब्लॉक पहले और दूसरे चरण में शामिल होंगे। प्रथम चरण में दूर-दराज के ब्लॉक शामिल किए गए हैं ताकि मानसून के प्रभाव से बचा जा सके। आपदा प्रबंधन सचिव को निर्देश दिए गए हैं कि मौसम को देखते हुए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें। चुनाव ड्यूटी में लगे कार्मिकों को 10 लाख रुपये तक का बीमा कवर मिलेगा। इसका प्रस्ताव शासन को भेजा जा चुका है। राज्य में 10 हजार से अधिक मतदान केंद्र बनाए जा रहे हैं, जिनमें एक बूथ पर औसतन 750 मतदाता शामिल होंगे।
66 हजार पदों के लिए तैयारियां पूरी, 4.5 लाख पहली बार करेंगे मतदान
इस बार 4,56,793 नए मतदाता चुनाव प्रक्रिया में शामिल हो रहे हैं, जो पिछले बार की तुलना में 10.5% की बढ़ोतरी दर्शाता है। कुल 66 हजार से अधिक पदों के लिए मतदान होना है। चुनाव प्रक्रिया के संचालन में 95 हजार अधिकारी-कर्मचारी शामिल होंगे, जिनमें 35,700 सुरक्षाकर्मी तैनात किए जाएंगे। 5600 वाहन इस पूरी प्रक्रिया में लगाए जाएंगे। चुनाव पर्यवेक्षण के लिए 55 सामान्य प्रेक्षक और 12 आरक्षित प्रेक्षक नियुक्त किए गए हैं। हालांकि व्यय प्रेक्षक नहीं होंगे, लेकिन जिला स्तर पर व्यय निगरानी की जिम्मेदारी अधिकारियों को दी गई है।


