. 30 घंटे बाद अस्पताल में आया होश, 10 लाख का माल साफ, चोरों ने बिना किसी ताले को तोड़े दिया पूरी वारदात को अंजाम
DDC : हल्द्वानी के एक बड़े दवा कारोबारी के परिवार में दो किशोरों के रहस्यमय तरीके से बेहोश मिलने के मामले ने अब चोरी का रूप ले लिया है। छह सितंबर को फ्लैट के अलग-अलग कमरों में बेसुध मिले दोनों भाइयों के होश में आने के बाद परिवार ने घर की जांच की तो अलमारी और लॉकर से लाखों रुपये की नकदी और जेवरात गायब मिले। चोरी की कुल रकम 10 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है। खास बात यह है कि न तो अलमारी का ताला टूटा और न ही लॉकर से छेड़छाड़ के निशान मिले। परिवार ने एक घरेलू सहायिका पर संदेह जताते हुए पुलिस को तहरीर दी है।
परिवार के मुताबिक छह सितंबर को दोनों किशोर फ्लैट में अलग-अलग कमरों में बेहोशी की हालत में मिले थे। दोनों को रिश्तेदार की मदद से एसटीएच पहुंचाया गया, जहां उन्हें भर्ती कर उपचार दिया गया। करीब 40 घंटे बाद दोनों को होश आया, लेकिन उस समय वे घटना के संबंध में कुछ बताने की स्थिति में नहीं थे।
तीसरे दिन जब दोनों की हालत कुछ बेहतर हुई तो परिवार के सदस्य फ्लैट पहुंचे। घर की जांच के दौरान एक कमरे में रखी अलमारी और लॉकर पर नजर गई। जांच करने पर करीब 8.50 लाख रुपये नकद और लगभग इतनी ही कीमत के सोने-चांदी के जेवरात गायब मिले। परिवार के लिए सबसे बड़ा सवाल यह था कि इतनी बड़ी रकम और जेवर आखिर बिना ताला तोड़े कैसे निकाल लिए गए।
पुलिस को दी गई तहरीर में महिला ने बताया कि पति की मृत्यु के बाद वह अपने दोनों बेटों के साथ रह रही हैं और कारोबार की जिम्मेदारी भी संभालती हैं। घटना के बाद घर में आने-जाने वाले लोगों की जानकारी जुटाई गई। इसी क्रम में परिवार का संदेह एक घरेलू सहायिका पर गया। इसके बाद शुक्रवार देर रात हल्द्वानी कोतवाली में तहरीर देकर मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की गई।
अब पुलिस के सामने यह पता लगाने की चुनौती है कि दोनों किशोर किस परिस्थिति में बेहोश हुए और उनके बेहोश होने के दौरान फ्लैट से नकदी और जेवर किसने निकाले। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के साथ ही फ्लैट में आने-जाने वाले लोगों की जानकारी भी जुटा रही है।
जिस घरेलू सहायिका पर परिवार ने संदेह जताया है, उसकी तलाश भी की जा रही है। एसपी सिटी मनोज कुमार कत्याल ने बताया कि पीड़िता की ओर से तहरीर मिली है। आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। आरोपों के आधार पर संबंधित व्यक्ति की तलाश भी की जा रही है।

