– हल्द्वानी, मुक्तेश्वर, अल्मोड़ा और पिथौरागढ़ तक एसआईटी ने मारे छापे, पति गिरधारी पर मंत्री रेखा ने ही दून के कैंट थाने में लिखाया है मुकदमा
DDC : महिला एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्य का पति गिरधारी लाल साहू फरार है। गिरधारी के खिलाफ उन्हीं की मंत्री पत्नी रेखा ने देहरादून के कैंट थाने में आईपीसी की 13 धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कराया है। जांच के लिए एक एसआईटी भी गठित है, लेकिन गिरधारी का कुछ पता नहीं। गिरधारी की तलाश में एसआईटी की एक टीम ने हल्द्वानी से लेकर पिथौरागढ़ तक उसके ठिकानों पर छापेमारी की, लेकिन गिरधारी हाथ नहीं आया।
बता दें कि रेखा के पास महिला एवं बाल विकास के अलावा खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले, खेल एवं युवा कल्याण मंत्रालय भी है। गिरधारी लाल साहू, श्री बाबा बनखंडी नाथ मंदिर, जोगी नवादा, बरेली उत्तर प्रदेश का रहने वाला है। रेखा ने आईपीसी की धारा 120-बी, 323, 420, 467, 468, 471, 495, 498-ए, 504, 506, 3(1)(द), 3(1)(ध) व 3(2)(वीए) के तहत मुकदमा दर्ज कराया है।
मुकदमा दर्ज होने के बाद गिरधारी के कुछ वीडियो सामने आए, लेकिन उसके बाद से गिरधारी का कोई पता नहीं है। सरकार ने मामले में एसआईटी गठित की। सूत्रों की मानें तो 10 अक्टूबर को एसआईटी की एक टीम ने हल्द्वानी, अल्मोड़ा, मुक्तेश्वर में गिरधारी के संभावित ठिकानों पर छापेमारी की। बताया जाता है कि एक टीम पिथौरागढ़ भी पहुंची है, लेकिन गिरधारी हाथ नहीं आया।
हल्द्वानी में टीम में आरटीओ रोड, कुसुमखेड़ा में पाल कॉलेज के पास बृजानंद विहार स्थित आवास में छापेमारी की। ये आवास रेखा आर्य का बताया जा रहा है। यहां तीन स्टाफ और एक पीआरडी जवान के सिवा कोई और नहीं रहता है। हालांकि कई स्थानों हुई छापेमारी की जानकारी न तो खुफिया को हुई और न ही लोकल पुलिस को। एसएसपी डॉ.मंजूनाथ टीसी ने बताया कि छापेमारी की सूचना नहीं है। यदि एसआईटी मामले में मदद मांगती है तो की जाएगी।
रेखा ने गिरधारी पर लगाए हैं ये आरोप
रेखा का कहना है कि उनकी शादी गिरधारी से 6 जुलाई 2014 को हुई थी। आरोप है कि गिरधारी पहले से शादीशुदा था और यह बात उसने छिपाई। कुछ साल बाद उसके विवाहित होने और पहली शादी से बच्चे होने की बात पता लगी। जिसके बाद से गिरधारी का व्यवहार बदलने लगा। पता लगा कि गिरधारी से अन्य महिलाओं से भी अवैध संबंध हैं। अपनी गलतियों का गिरधारी ने एक लिखित माफीनामा भी दिया, लेकिन बाज नहीं आया। गिरधारी ने रेखा से मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी। सरकारी आवास में स्टाफ के सामने जाति सूचक शब्दों का प्रयोग किया। रेखा ने गिरधारी पर उनके कूच रचित हस्ताक्षर करने और फर्जी दस्तावेज बनाने के भी आरोप लगाए हैं।


